कथा रंग की 71वीं गोष्ठी में मैत्रेय, चंदर, सिंघल, कमल, स्वाति, तारा, नवोदित और संजय ने दी विमर्श को धार। योगेन्द्र दत्त शर्मा ने कहा - से. रा. यात्री की पंरपरा का संवाहक है 'कथा रंग', वहीं डॉ भावना शुक्ला का मानना है कि सृजन व आलोचना के सामंजस्य का पर्याय है कथा रंग