सतीश आनंद ने बदला पटना का रंगमंच और रंग बोध
7 Rang
August 30, 2026

सतीश आनंद का जाना बेशक हिन्दी रंगमंच और खासकर पटना और बिहार के रंगमंच के लिए एक बड़ा शून्य पैदा करता है... बेशक तीश आनंद ने उस दौर में पटना में रंगमंच को एक नई दिशा दी और रंगकर्मियों को एक बड़ा मंच दिया जब साहित्य संस्कृति और खासकर रंगमंच एक मुश्किल दौर में था, दर्शकों को मंच तक लाना एक चुनौती थी और इसे समाज से जोड़कर एक सार्थक मिशन की तरह आगे ले जाना भी आसान नहीं था.. वो दौर था जब कालीदास र

एक अनजाने कलाकार अफ़ज़ल की पेंटिंग से फूटती रोशनी
7 Rang
July 1, 2026

क्या आपने कोई ऐसी पेंटिंग देखी है जिसके भीतर से कोई तेज रोशनी फूटती हो...लगता है चित्र के फ्रेम के भीतर कोई बल्ब जल रहा हो।  त्रिवेणी कला संगम की गैलरी में देवास के दिवंगत चित्रकार अफ़ज़ल पठान के चित्रों को देखकर ऐसा लगता है कि उनकी पेंटिंग से कोई रोशनी निकल रही है. पिछले कई दशकों से चित्र प्रदर्शनियाँ देख रहे मशहूर कला समीक्षक विनोद भारद्वाज कहते हैं  कि उन्होंने पहली बार ऐसी पेंटिं

क्या भारतीय लोकतंत्र ICU में है और अंतिम सांसें ले रहा है?
7 Rang
April 19, 2025

आज से करीब 50 साल पहले जयप्रकाश नारायण ने दिल्ली के गांधी शांति प्रतिष्ठान में नागरिक समाज की एक संस्था “ सिटीजंस फॉर डेमोक्रेसी” की स्थापना की थी क्योंकि तब उन्हें लोकतंत्र को बचाना था और लोकतंत्र को बचाने के लिए ही उन्होंने आपातकाल का विरोध किया था। उसी गांधी शांति प्रतिष्ठान से वे गिरफ्तार भी हुए थे। देश मे एमर्जेसी लगी लेकिन जे पी ने इंदिरा गांधी की तानाशाही का खुल कर विरोध करत

‘भूली बिसरी गायिकाओं को तवायफ़ कहना बन्द करें’
7 Rang
December 9, 2024

आज से 115 साल पहले स्त्री दर्पण पत्रिका निकालकर  स्त्री आंदोलन शुरू करने वाली संपादक रामेश्वरी नेहरू ने केवल सार्थक पत्रकारिता ही नहीं की हरिजनों और विभाजन के समय दंगा पीड़ितों की भी सेवा की। उस ज़माने में हिंदुस्तानी मौसिकी को बुलंदियों पर ले जानेवाली तवायफ़ गायिकाओं ने भी न केवल आज़ादी की लड़ाई में हिस्सा लिया बल्कि  राष्ट्रनिर्माण में भी अहम भूमिका अदा की।

Copyright 2024 @ Vaidehi Media- All rights reserved. Managed by iPistis